⋆𓍯𓂃𓏧♡
प्रेम में पुरुष कभी पुरुष रहा ही नहीं..𖹭
वो स्त्री की छाती से चिपककर सदैव शिशु बना रहा...! 🏵️🦋🎀ྀིꫂ❁
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